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अरूण निगम

ओबीओ लाइव तरही 100 – आइना/अरुण कुमार निगम

ओबीओ के कार्यकारिणी सदस्य श्री  अरुण निगम जी छत्तीसगढ़ी साहित्य में भी अच्छा खासा दख्ल रखते हैं। छत्तीसगढ़ी के प्रसिद्ध साहित्यकार स्व. श्री कोदूराम दलित के सुपुत्र श्री अरुण कुमार निगम जी साहित्य की बेहतरी के लिए छत्तीसगढ़ के विभिन्न मंचों पर वे सक्रिय योगदान दे रहे हैं। पेश है ओबीओ लाइव तरही-100 में दुर्ग(छत्तीसगढ़) के शाइर श्री अरुण निगम जी की गज़ल-

आइना वो दिखा गया है मुझे

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आइना वो दिखा गया है मुझे
किस अदा से रुला गया है मुझे

ख्वाब रंगीं दिखा के गुलशन का
इक कफ़स में फँसा गया है मुझे

कैसे कर्जे से छूट पाऊंगा
कीमती मय पिला गया है मुझे

कुछ न सीखा ये मानता हूँ मगर
सब्र करना तो आ गया है मुझे

वोट मांगा है उसने हक़ से “अरुण”
मानो रिश्वत खिला गया है मुझे

ख्वाब रंगीं दिखा के गुलशन का
इक कफ़स में फँसा गया है मुझे

-अरुण कुमार निगम

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